Mohan Milan
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खेल

डिफेंडर जर्मनप्रीत सिह ने पूरे किए 150 अंतरराष्ट्रीय मैच, हॉकी इंडिया ने दी बधाई

नई दिल्ली,अंग भारत।  हॉकी इंडिया ने भारतीय पुरुष हॉकी टीम के विश्वसनीय डिफेंडर जर्मनप्रीत सिह को भारत के लिए 150 अंतरराष्ट्रीय मैच (कैप) पूरे करने पर हार्दिक बधाई दी है। उन्होंने यह उपलब्धि ऑस्ट्रेलिया के होबार्ट चरण में खेले जा रहे एफआईएच हॉकी प्रो लीग 2०25-26 के तीसरे मुकाबले में स्पेन के खिलाफ मैदान पर उतरते ही हासिल की।पंजाब के अमृतसर जिले के राजधान गांव से ताल्लुक रखने वाले जर्मनप्रीत सिह ने अपनी सजग रक्षण कला, संयम और खेल की समझ के दम पर भारतीय टीम में खुद को एक मजबूत स्तंभ के रूप में स्थापित किया है। उन्होंने 2018 में नीदरलैंड में आयोजित पुरुष हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी में सीनियर अंतरराष्ट्रीय पदार्पण किया था, जहां भारत उपविजेता रहा था। यहीं से उनके सफल अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत हुई।उनके करियर का एक स्वर्णिम क्षण तब आया जब उन्होंने पेरिस ओलंपिक 2024 में भारत को कांस्य पदक दिलाने में अहम भूमिका निभाई। यह उपलब्धि भारतीय हॉकी के इतिहास में विशेष मानी जाती है और इससे टीम में उनकी अहमियत और मजबूत हुई।जमनप्रीत सिह कई बड़ी सफलताओं का हिस्सा रहे हैं। उन्होंने मस्कट (ओमान) में आयोजित पुरुष एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी में स्वर्ण पदक जीतने वाली टीम में योगदान दिया, जबकि ढाका (बांग्लादेश) में आयोजित इसी प्रतियोगिता में भारत के तीसरे स्थान पर रहने में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। इसके अलावा वह बîमघम में आयोजित राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक जीतने वाली भारतीय टीम के सदस्य भी रहे।हाल के वर्षों में उन्होंने एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक, चेन्नई 2023 एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी, चीन 2024 एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी और राजगीर (बिहार) 2025 पुरुष हॉकी एशिया कप में भी भारत की विजयी मुहिम का हिस्सा बनकर अपनी निरंतरता साबित की है|हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप तिर्की ने जर्मनप्रीत को बधाई देते हुए कहा कि 150 अंतरराष्ट्रीय मैच पूरे करना उनके समर्पण, अनुशासन और लगातार बेहतरीन प्रदर्शन का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि जर्मनप्रीत टीम की रक्षण पंक्ति में स्थिरता और आत्मविश्वास लाते हैं और भविष्य में भी उनसे ऐसे ही प्रदर्शन की उम्मीद है।हॉकी इंडिया के महासचिव भोला नाथ सिह ने कहा कि जर्मनप्रीत की यात्रा खेल के उच्चतम स्तर पर उनके संघर्ष और प्रतिबद्धता को दर्शाती है। 15० कैप तक पहुंचना न केवल उनके लिए बल्कि भारतीय हॉकी के लिए भी गर्व का क्षण है। उन्होंने उम्मीद जताई कि वह आगे भी भारतीय जर्सी में कई यादगार प्रदर्शन करेंगे।