Founder – Mohan Milan

दतिया उपचुनाव: पहले राउंड में भाजपा आगे, आशुतोष तिवारी 909 वोटों से बढ़त पर

दतिया उपचुनाव की मतगणना के पहले राउंड में भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी की बढ़त के बाद ईवीएम वोटों की गिनती और सुरक्षा बल

दतिया, 03 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश की सबसे चर्चित विधानसभा सीटों में शामिल दतिया विधानसभा उपचुनाव की मतगणना के पहले राउंड में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रत्याशी आशुतोष तिवारी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस पार्टी के घनश्याम सिंह पर 909 वोटों की शुरुआती बढ़त हासिल कर ली है। शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के साए में शुरू हुई इस मतगणना के शुरुआती दौर में भाजपा के आशुतोष तिवारी को 4,441 वोट प्राप्त हुए हैं, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह को 3,532 मत मिले हैं। वहीं, आजाद समाज पार्टी के प्रत्याशी दामोदर यादव 2,117 वोट पाकर तीसरे स्थान पर बने हुए हैं, जिससे मुकाबला त्रिकोणीय नजर आ रहा है। कुल 15 राउंड में होने वाली इस मतगणना की शुरुआत से ही राजनीतिक सरगर्मियां चरम पर पहुंच गई हैं।

मतगणना का पूरा गणित

दतिया उपचुनाव के नतीजों को पूरी पारदर्शिता के साथ घोषित करने के लिए शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में व्यापक इंतजाम किए गए हैं। निर्वाचन आयोग की गाइडलाइंस के मुताबिक, मतगणना के लिए कुल 21 टेबल लगाई गई हैं। इनमें से 20 टेबलों पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) में दर्ज वोटों की गिनती हो रही है, जबकि टेबल नंबर-21 को विशेष रूप से डाक मतपत्रों यानी पोस्टल बैलट की काउंटिंग के लिए रिजर्व रखा गया है। ईवीएम के वोट खोलने से ठीक पहले इसी टेबल नंबर-21 पर 451 डाक मतपत्रों की गिनती शुरू की गई थी।

इस पूरी चुनावी काउंटिंग को सही तरीके से संचालित करने के लिए प्रशासन ने लगभग 350 योग्य अधिकारियों और कर्मचारियों को काम पर लगाया है। सुरक्षा के लिहाज से पूरे मतगणना स्थल को छावनी में बदल दिया गया है। बिना आधिकारिक अनुमति पत्र या वैलिड पास के किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश वर्जित है। मतगणना कक्ष के भीतर मोबाइल फोन, टैबलेट और अन्य इलेक्ट्रॉनिक गैजेट ले जाने पर सख्त पाबंदी लागू की गई है, ताकि किसी भी तरह की तकनीकी गड़बड़ी या सूचना लीक होने की गुंजाइश न रहे।

गोराघाट का चुनावी समीकरण

दतिया विधानसभा सीट के पहले दौर की गिनती में गोराघाट क्षेत्र के मतपेटियों और ईवीएम को खोला गया। राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो गोराघाट का इलाका पारंपरिक तौर पर भाजपा के लिए काफी चुनौतीपूर्ण रहा है। पिछले आम चुनावों में इस इलाके से कांग्रेस को मजबूत समर्थन मिलता रहा है, लेकिन इस उपचुनाव में समीकरण बदलते दिख रहे हैं। पहले ही राउंड में इस क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी को बढ़त मिलना पार्टी कार्यकर्ताओं में नया जोश भर रहा है। हालांकि, जमीन पर असली राजनीतिक मुकाबला अभी बाकी है क्योंकि 14 राउंड की गिनती अभी होना शेष है, जिससे परिणाम किसी भी करवट बैठ सकता है।

प्रत्याशियों के दावे

सुबह-सुबह ही मतगणना स्थल पर पहुंचे भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी के चेहरे पर जीत की चमक साफ देखी जा सकती थी। उन्होंने अपनी शुरुआती बढ़त को जनता की जीत बताते हुए कहा कि यह रुझान राज्य के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की जनकल्याणकारी नीतियों और क्षेत्र में हुए विकास कार्यों पर जनता के अटूट विश्वास का प्रमाण है। आशुतोष तिवारी का मानना है कि उन्हें समाज के हर वर्ग, विशेषकर युवाओं और महिलाओं का भरपूर सहयोग मिला है, जो अंततः उन्हें एक बड़ी ऐतिहासिक जीत की ओर ले जाएगा।

दूसरी तरफ, आजाद समाज पार्टी के प्रत्याशी दामोदर यादव भी मतगणना स्थल पर डटे हुए हैं। शुरुआती राउंड में पिछड़ने के बाद भी उनके हौसले बुलंद हैं। दामोदर यादव ने आत्मविश्वास के साथ कहा कि अभी तो केवल एक राउंड पूरा हुआ है और यह तो केवल शुरुआत है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जैसे ही ग्रामीण और उनके प्रभाव वाले क्षेत्रों के मतों की गिनती शुरू होगी, विशेषकर चौथे राउंड से, उनकी स्थिति काफी मजबूत हो जाएगी और वे एक बड़ी लीड हासिल करेंगे।

कांग्रेस में बड़ी टूट

मतगणना की इस गहमागहमी के बीच दतिया की स्थानीय राजनीति में एक दिन पहले ही बड़ा भूचाल आ गया था। रविवार को कांग्रेस आलाकमान ने कड़ा रुख अपनाते हुए अपने पूर्व विधायक राजेंद्र भारती को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया। जब इस राजनीतिक उथल-पुथल को लेकर भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी से उनकी राय पूछी गई, तो उन्होंने बेहद सधे हुए शब्दों में कहा, “यह उनके घर का अंदरूनी मामला है। मैं दूसरों के कुनबे की लड़ाई पर किसी भी तरह की छींटाकशी या टिप्पणी नहीं करना चाहता।”

वहीं, इस निलंबन पर तीखा तंज कसते हुए आजाद समाज पार्टी के प्रत्याशी दामोदर यादव ने अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि राजेंद्र भारती पर कांग्रेस का यह फैसला बिल्कुल सही है, लेकिन अब यह भी देखने वाली बात होगी कि भारतीय जनता पार्टी अपने कद्दावर नेता और पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा को कब अपनी पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाती है।

मतदान के आंकड़े

30 जुलाई को हुए दतिया विधानसभा उपचुनाव में वोटरों की हिस्सेदारी पिछले चुनावों के मुकाबले थोड़ी सुस्त रही। क्षेत्र के कुल 2,20,410 पंजीकृत मतदाताओं में से केवल 1,57,473 लोगों ने ही अपने लोकतांत्रिक अधिकार का प्रयोग किया। इस तरह कुल वोटिंग प्रतिशत 71.44 दर्ज किया गया, जो कि साल 2023 के पिछले मुख्य विधानसभा चुनाव की तुलना में तकरीबन 9 फीसदी कम है। मतदान के दिन कुछ विशेष बूथों से फर्जी वोटिंग और बूथों पर कब्जा करने की कोशिशों की शिकायतें भी आईं थीं, जिन पर चुनाव आयोग की टीम ने जांच शुरू की थी।

दतिया उपचुनाव के प्रमुख आंकड़ों और उम्मीदवारों की वर्तमान स्थिति को समझने के लिए आप इस सारणी को देख सकते हैं:

प्रत्याशी / विवरण राजनीतिक दल प्रथम राउंड में प्राप्त मत / स्थिति
आशुतोष तिवारी भारतीय जनता पार्टी (BJP) 4,441 (909 मतों से आगे)
घनश्याम सिंह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) 3,532 (दूसरे स्थान पर)
दामोदर यादव आजाद समाज पार्टी (ASP) 2,117 (तीसरे स्थान पर)
कुल मतदाता दतिया क्षेत्र 2,20,410
कुल मतदान सक्रिय वोटर्स 1,57,473 (71.44 प्रतिशत)

क्यों हुआ यह उपचुनाव?

दतिया सीट पर इस उपचुनाव की नौबत आने के पीछे की वजह भी काफी बड़ी कानूनी कार्रवाई रही है। दरअसल, कांग्रेस के टिकट पर चुनाव जीते तत्कालीन विधायक राजेंद्र भारती को सहकारी ग्रामीण विकास बैंक में हुए बड़े घोटाले के मामले में अदालत की तरफ से दो साल के कारावास की सजा सुनाई गई थी। जनप्रतिनिधित्व कानून के नियमों के तहत, दो साल या उससे अधिक की सजा होने पर राजेंद्र भारती की विधानसभा सदस्यता को निरस्त कर दिया गया था। इसी वजह से चुनाव आयोग को इस खाली पड़ी सीट पर फिर से उपचुनाव का कार्यक्रम घोषित करना पड़ा।

दिलचस्प बात यह है कि पिछले साल यानी 2023 में हुए मुख्य विधानसभा चुनाव में इसी सीट पर कांग्रेस के राजेंद्र भारती ने मध्य प्रदेश के तत्कालीन कद्दावर गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा को 7,742 वोटों के अंतर से हराकर बड़ा उलटफेर किया था। यही कारण है कि भाजपा इस उपचुनाव को अपनी खोई हुई साख वापस पाने और नरोत्तम मिश्रा की प्रतिष्ठा को बहाल करने के तौर पर देख रही है, जबकि कांग्रेस इस गढ़ को अपने पास बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रही है। अब आने वाले राउंड्स में जनता का यह फैसला किसके सिर जीत का सेहरा बांधता है, यह देखना बेहद दिलचस्प होगा।

Facebook
X
Threads
WhatsApp
Telegram
Picture of अंग भारत • रिपोर्टर

अंग भारत • रिपोर्टर

‘अंग भारत’ एक हिंदी दैनिक समाचार पत्र है, जो मिलन ग्रुप द्वारा संचालित एक बहुआयामी मीडिया संगठन का हिस्सा है। हमारा कॉर्पोरेट कार्यालय बिहार के ऐतिहासिक अंग प्रदेश के पवित्र स्थान बांका में स्थित है। हमारा उद्देश्य निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित से जुड़ी खबरों को पाठकों तक पहुंचाना है।”

Related Posts
Recent Posts
App Icon