भागलपुर,अंग भारत। भागलपुर में एक बार फिर कोरोना संक्रमण का मामला सामने आने से स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। जिले के एक निजी अस्पताल में इलाज करा रहे एक बुजुर्ग मरीज की निजी लैब से कराई गई आरटी-पीसीआर जांच रिपोर्ट कोविड पॉजिटिव आई है। इसके बाद मरीज को तत्काल बेहतर इलाज के लिए जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (मायागंज अस्पताल) के आईसीयू में भर्ती कराया गया, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में उपचार चल रहा है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
एक सप्ताह से थे खांसी, जुकाम और बुखार से परेशान
जानकारी के अनुसार बुजुर्ग मरीज पिछले सात दिनों से लगातार खांसी, जुकाम और तेज बुखार से पीड़ित थे। शुरुआत में उन्होंने शहर के एक निजी अस्पताल में इलाज कराया, लेकिन स्वास्थ्य में सुधार नहीं होने पर डॉक्टरों ने कोविड संक्रमण की आशंका जताते हुए आरटी-पीसीआर जांच कराने की सलाह दी।निजी लैब से आई जांच रिपोर्ट में मरीज कोविड पॉजिटिव पाया गया। रिपोर्ट मिलने के तुरंत बाद चिकित्सकों ने उन्हें मायागंज अस्पताल रेफर कर दिया, जहां कोविड प्रोटोकॉल के तहत आईसीयू में भर्ती कर इलाज शुरू किया गया।
सरकारी जांच से होगी आधिकारिक पुष्टि
मायागंज अस्पताल के मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. राजकमल चौधरी ने बताया कि मरीज की कोविड रिपोर्ट फिलहाल निजी लैब से पॉजिटिव आई है। अब सरकारी स्तर पर भी आरटी-पीसीआर जांच कराई जाएगी, ताकि संक्रमण की आधिकारिक पुष्टि की जा सके।उन्होंने कहा कि अस्पताल में मरीज के इलाज की सभी जरूरी व्यवस्थाएं उपलब्ध हैं और विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है। उन्होंने लोगों से अपील की कि इस मामले को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है, क्योंकि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
परिजनों ने बताई मरीज की स्थिति
मरीज के परिजनों ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से उन्हें लगातार खांसी, जुकाम और तेज बुखार की शिकायत थी। पहले निजी अस्पताल में इलाज कराया गया, लेकिन तबीयत में सुधार नहीं होने पर कोविड जांच कराई गई। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मायागंज अस्पताल भेज दिया।फिलहाल मरीज आईसीयू में भर्ती हैं और उनकी हालत पर डॉक्टर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने जारी की सलाह
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि मौसम में बदलाव के दौरान यदि किसी व्यक्ति को लगातार बुखार, खांसी, जुकाम, गले में खराश या सांस लेने में परेशानी जैसी शिकायत हो तो लापरवाही न करें। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें और आवश्यकता पड़ने पर कोविड जांच जरूर कराएं।विशेषज्ञों ने भीड़भाड़ वाले स्थानों पर सावधानी बरतने, हाथों की नियमित सफाई करने और संक्रमण जैसे लक्षण होने पर मास्क का उपयोग करने की भी सलाह दी है।
स्वास्थ्य विभाग रख रहा नजर
स्वास्थ्य विभाग पूरे मामले की निगरानी कर रहा है। सरकारी आरटी-पीसीआर जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की प्रक्रिया तय की जाएगी। फिलहाल अस्पताल प्रशासन का कहना मरीज का इलाज कोविड प्रोटोकॉल के तहत किया जा रहा है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। है कि मरीज का इलाज कोविड प्रोटोकॉल के तहत किया जा रहा है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।







