सुपौल,अंग भारत । आगामी 12 सितंबर, शनिवार को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारी पूरी कर ली गई है। मामलों के त्वरित और प्रभावी निपटारे के लिए सुपौल न्यायमंडल में कुल 20 पीठों का गठन किया गया है। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार राजेश कुमार बच्चन के मार्गदर्शन में गठित इन पीठों में अलग-अलग तरह के समझौता योग्य मामलों का निपटारा किया जाएगा। राष्ट्रीय लोक अदालत सुबह 10 बजे से सिविल कोर्ट, सुपौल और अनुमंडलीय सिविल कोर्ट, वीरपुर में लगेगी।
सुपौल में 16 पीठ, ट्रैफिक चालान के लिए चार विशेष पीठ
सुपौल में कुल 16 पीठ बनाई गई हैं। इनमें 12 नियमित पीठ हैं, जबकि लंबित ट्रैफिक चालान के मामलों के लिए चार विशेष पीठ गठित की गई हैं। नियमित पीठों में प्री-लिटिगेशन मामलों के साथ वैवाहिक और उपभोक्ता विवाद, एमएसीटी, बैंक एवं वित्तीय संस्थानों से जुड़े मामले और विभिन्न न्यायालयों में लंबित समझौता योग्य मामलों का निपटारा किया जाएगा।ट्रैफिक चालान के लंबित मामलों को जल्द निपटाने के लिए बनाई गई चार विशेष पीठें टाउन हॉल, सुपौल में काम करेंगी। इससे वाहन चालकों को अपने लंबित चालान का निपटारा कराने में सुविधा मिलने की उम्मीद है।
वीरपुर में चार पीठों का गठन
अनुमंडलीय सिविल कोर्ट, वीरपुर में चार पीठ गठित की गई हैं। इन पीठों में आपराधिक मामलों में समझौता योग्य मामलों के अलावा बैंक, टेलीफोन बिल और अन्य समझौता योग्य मामलों का निपटारा किया जाएगा।इन पीठों के लिए सिविल कोर्ट, वीरपुर के प्रथम और द्वितीय तल पर स्थान निर्धारित किया गया है। संबंधित पक्षकार निर्धारित स्थान पर पहुंचकर अपने मामलों के निपटारे की प्रक्रिया में शामिल हो सकेंगे।
पक्षकारों की मदद के लिए हेल्प डेस्क
राष्ट्रीय लोक अदालत में आने वाले पक्षकारों और आम लोगों की सुविधा के लिए कई सहायता केंद्र बनाए गए हैं। इनमें सामान्य हेल्प डेस्क, ट्रैफिक चालान हेल्प डेस्क और स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं। जरूरत के अनुसार अन्य सहायता केंद्र भी उपलब्ध रहेंगे।इन केंद्रों पर पैरा-लीगल वॉलंटियर्स (PLVs) की प्रतिनियुक्ति की गई है। वे लोक अदालत में आने वाले लोगों को जरूरी जानकारी देने और प्रक्रिया को समझने में मदद करेंगे।
समझौते से मामलों का आसान निपटारा
राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) के तत्वावधान में तथा बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, पटना के निर्देश पर किया जा रहा है। इसका उद्देश्य समझौता योग्य मामलों को आपसी सहमति से जल्द निपटाना है।जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से आम नागरिकों और पक्षकारों से अपील की गई है कि वे राष्ट्रीय लोक अदालत का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। जिन मामलों में समझौते की गुंजाइश है, उनका सरल, त्वरित और सौहार्दपूर्ण तरीके से निपटारा कराने के लिए लोक अदालत में भाग लें।







