नई दिल्ली,अंग भारत। दिल्ली के शालीमार बाग विधानसभा क्षेत्र में निवासियों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर है, जहाँ मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एयू ब्लॉक, सोम बाजार रोड, एए झुग्गी और सीए ब्लॉक में अत्याधुनिक वॉटर एटीएम का उद्घाटन किया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य स्थानीय निवासियों को भीषण गर्मी के बीच स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करना है। अब इन क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को टैंकरों के इंतजार या दूषित पानी की समस्या से नहीं जूझना पड़ेगा, क्योंकि हर वॉटर एटीएम प्रति घंटे 2,000 लीटर शुद्ध पानी देने में सक्षम है।
आधुनिक तकनीक और क्षमता
इन वॉटर एटीएम की सबसे बड़ी विशेषता इनमें इस्तेमाल की गई 5-स्टेज आरओ तकनीक है। यह तकनीक पानी में मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया, धातुओं और अशुद्धियों को पूरी तरह साफ कर देती है। सामान्य आरओ सिस्टम के मुकाबले, इनकी क्षमता कहीं अधिक है।
- प्रति घंटा उत्पादन: एक मशीन 2,000 लीटर पानी प्रति घंटा फिल्टर करने की क्षमता रखती है।
- फिल्ट्रेशन लेवल: 5-स्टेज प्यूरिफिकेशन प्रक्रिया जो पानी को पीने योग्य सुरक्षित बनाती है।
- संचालन: स्मार्ट कार्ड आधारित सिस्टम, जिससे पानी की बर्बादी भी रुकेगी।
झुग्गी परिवारों को राहत
शहरी इलाकों की झुग्गी बस्तियों में अक्सर पानी की गुणवत्ता एक गंभीर चुनौती बनी रहती है। सरकार ने इस समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए प्रत्येक पात्र परिवार को वॉटर एटीएम कार्ड वितरित किए हैं। इन कार्डों के जरिए हर परिवार रोजाना 20 लीटर तक स्वच्छ पानी ले सकता है। यह व्यवस्था न केवल पानी की किल्लत को दूर करेगी, बल्कि जलजनित बीमारियों के खतरे को भी काफी हद तक कम कर देगी।
नौ हजार करोड़ का निवेश
दिल्ली सरकार ने भविष्य की जरूरतों को देखते हुए जल आपूर्ति नेटवर्क को दुरुस्त करने के लिए 9,000 करोड़ रुपये का भारी-भरकम बजट आवंटित किया है। इस राशि का इस्तेमाल न केवल नए वॉटर एटीएम लगाने में किया जाएगा, बल्कि पुरानी पाइपलाइनों को बदलने और जल शोधन संयंत्रों (Water Treatment Plants) को अपग्रेड करने में भी किया जा रहा है। यह पूरी योजना ‘विकसित दिल्ली’ के लक्ष्य को पाने की एक बड़ी कड़ी है, ताकि आने वाले वर्षों में किसी भी नागरिक को पानी की कमी का सामना न करना पड़े।
गर्मी से मिलेगी राहत
देशभर में बढ़ते तापमान और गिरते जल स्तर के कारण गर्मियों में पानी का संकट विकराल हो जाता है। मुख्यमंत्री ने साफ किया कि दिल्ली में अगले कुछ महीनों में तापमान में होने वाली बढ़ोतरी को देखते हुए यह वॉटर एटीएम का जाल बिछाया गया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अब उन्हें पानी के लिए लंबी लाइनों में खड़े होने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
सामुदायिक भागीदारी
इस उद्घाटन समारोह में केवल सरकारी अधिकारी ही नहीं, बल्कि इंडियन ऑयल के प्रतिनिधि और स्थानीय नागरिक भी बड़ी संख्या में शामिल हुए। इस तरह की परियोजनाओं की सफलता में जन-भागीदारी बहुत मायने रखती है। वॉटर एटीएम की देखरेख और इनके आसपास की स्वच्छता बनाए रखना स्थानीय निवासियों की भी जिम्मेदारी है।
| सुविधा का नाम | विशेषता |
|---|---|
| वॉटर एटीएम | 5-स्टेज आरओ तकनीक |
| दैनिक कोटा | 20 लीटर प्रति परिवार |
| कुल बजट | 9,000 करोड़ रुपये (योजना के तहत) |
दिल्ली के अन्य क्षेत्रों में भी इसी मॉडल को दोहराने की योजना है। यदि इस पायलट प्रोजेक्ट का परिणाम सकारात्मक रहता है, तो आने वाले समय में राजधानी के अन्य वंचित इलाकों में भी आपको इसी तरह के वॉटर एटीएम देखने को मिलेंगे। यह कदम न केवल स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से बेहतर है, बल्कि संसाधनों के सही प्रबंधन की दिशा में एक उदाहरण भी है।








