वाशिंगटन,अंग भारत। अमेरिका की मध्यस्थता में इजराइल और लेबनान के बीच जारी तनाव को कम करने की दिशा में अहम कदम उठाया गया है। वाशिंगटन में गुरुवार को हुई राजदूत स्तर की वार्ता के बाद दोनों देशों ने तीन सप्ताह के संघर्ष विराम पर सहमति जताई। इस समझौते की घोषणा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने की।
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व्हाइट हाउस में वार्ता के बाद ऐलान
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, व्हाइट हाउस में शांति वार्ता के दूसरे दौर के बाद ट्रंप ने कहा कि इजराइल और लेबनान के बीच युद्ध विराम को तीन हफ्तों के लिए बढ़ाया गया है। उन्होंने सोशल ट्रुथ पर भी इसकी जानकारी साझा की। इससे पहले दोनों देशों के बीच 10 दिन का संघर्ष विराम 16 अप्रैल से लागू था।
उच्चस्तरीय बैठक में बनी सहमति
राष्ट्रपति ट्रंप ने बताया कि ओवल ऑफिस में हुई बैठक में उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, विदेश मंत्री मार्को रूबियो समेत दोनों देशों के वरिष्ठ प्रतिनिधि मौजूद थे। ट्रंप ने बैठक को सकारात्मक बताते हुए कहा कि वह जल्द ही इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ आउन की मेजबानी करने के इच्छुक हैं।
ईरान और हिजबुल्लाह पर सख्त संदेश
ट्रंप ने कहा कि क्षेत्र में स्थायी शांति के लिए ईरान को हिजबुल्लाह को दी जाने वाली फंडिंग बंद करनी होगी। वहीं हिजबुल्लाह ने दावा किया कि उसने इजराइल के कथित उल्लंघनों के जवाब में रॉकेट दागे हैं। इजराइली सेना ने भी कई रॉकेटों को रोकने की बात कही है।
तनाव अब भी बरकरार
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, दक्षिणी लेबनान में हुए एक हमले में तीन लोगों की मौत हुई, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई की गई। इजराइल के रक्षा मंत्री ने ईरान के खिलाफ फिर से सैन्य कार्रवाई की संभावना जताई है, जबकि ईरान ने भी हर स्थिति के लिए तैयार रहने की बात कही है।
लेबनान ने रखा अपना पक्ष
अमेरिका में लेबनान की राजदूत नाडा हमादेह मोअवाद ने कहा कि उन्होंने वार्ता में इजराइली कार्रवाई को रोकने और दक्षिणी क्षेत्रों में हो रही तबाही पर चिंता जताई। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि लेबनान अपने देश के पुनर्निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है।









