ढाका,अंग भारत। बांग्लादेश की राजधानी ढाका के न्यू मार्केट इलाके में मंगलवार रात हुई खौफनाक वारदात ने पूरे शहर को दहला दिया है। कुख्यात अपराधी और माफिया सरगना खोंडोकर नईम अहमद टिटोन की सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई, जिसके बाद से शहर में गैंगवार का खतरा मंडराने लगा है। टिटोन, जो बांग्लादेश के टॉप 23 मोस्ट वांटेड अपराधियों की सूची में दूसरे नंबर पर था, उसे बाइक सवार हमलावरों ने उस वक्त निशाना बनाया जब वह न्यू मार्केट से गुजर रहा था। इस घटना ने एक बार फिर ढाका की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
वारदात का आंखों देखा हाल
घटना मंगलवार रात लगभग आठ बजे की है। न्यू मार्केट स्थित ढाका विश्वविद्यालय के शाहनवाज हॉल के पास अचानक दो बाइक सवार युवक पहुंचे। इससे पहले कि वहां मौजूद लोग कुछ समझ पाते, हमलावरों ने टिटोन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसानी शुरू कर दीं। चश्मदीदों के अनुसार, हमलावर पूरी तरह से तैयार होकर आए थे। उन्होंने चेहरे पर मास्क और सिर पर टोपी पहनी हुई थी, जिससे उनकी पहचान छिपाना आसान हो गया। गोलियों की गूंज से न्यू मार्केट का व्यस्त इलाका अचानक सन्नाटे में बदल गया और अफरा-तफरी मच गई।
अस्पताल में हुई पुष्टि
गोलीबारी के तुरंत बाद टिटोन लहूलुहान होकर सड़क पर गिर पड़ा। स्थानीय लोग उसे आनन-फानन में ढाका मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल के सूत्रों ने बताया कि टिटोन को कई गोलियां मारी गई थीं। सिर में लगी एक गोली उसकी मौत का मुख्य कारण बनी। यह साफ था कि हमलावरों का मकसद उसे जिंदा छोड़ना नहीं था।
अपराध की लंबी फेहरिस्त
टिटोन का नाम ढाका के अंडरवर्ल्ड में खौफ का दूसरा नाम माना जाता था। वह मूल रूप से हजारीबाग के जिगतोला इलाके का रहने वाला था। उसका आपराधिक इतिहास काफी पुराना और लंबा है:
- वह लंबे समय तक हत्या, जबरन वसूली और अवैध हथियार रखने के मामलों में जेल में रहा।
- पिछले साल 13 अगस्त को वह जमानत पर बाहर आया था।
- जमानत की अवधि खत्म होने के बाद से ही वह पुलिस की गिरफ्त से फरार चल रहा था।
- वह बांग्लादेश के 23 सबसे खतरनाक अपराधियों की पुलिस सूची में दूसरे पायदान पर दर्ज था।
गैंगवार की आशंका
ढाका पुलिस की प्रारंभिक जांच इसे किसी साधारण हत्या के बजाय एक सोची-समझी रंजिश या गैंगवार मान रही है। टिटोन जैसे बड़े अपराधी की हत्या यह संकेत देती है कि शहर के अंडरवर्ल्ड में वर्चस्व की कोई नई जंग छिड़ी है। पुलिस अब उन गुटों पर नजर रख रही है जिनसे टिटोन की पुरानी दुश्मनी थी। स्थानीय सूत्रों का कहना है कि टिटोन के जेल से बाहर आने के बाद से ही नए समीकरण बन रहे थे, जो शायद उसके दुश्मनों को रास नहीं आ रहे थे।
पुलिस की जांच का दायरा
फिलहाल पुलिस ने घटनास्थल को सील कर दिया है और आसपास के तमाम सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि फुटेज से हमलावरों के भागने के रूट और उनकी पहचान के बारे में अहम सुराग मिल सकते हैं। न्यू मार्केट के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि वे किसी भी दोषी को बख्शेंगे नहीं और मामले की तह तक जाकर इस गैंगवार के पीछे के असली चेहरों को बेनकाब करेंगे।
आगे क्या होगा?
फिलहाल, ढाका पुलिस इस मामले में बेहद सतर्क है। जिस तरह से एक हाई-प्रोफाइल अपराधी को सरेआम खत्म किया गया है, उससे साफ है कि हमलावर पेशेवर थे। अब देखना यह होगा कि क्या पुलिस की यह कार्रवाई केवल कुछ घंटों की सख्ती तक सीमित रहती है या फिर टिटोन की मौत के बाद अंडरवर्ल्ड के अन्य खिलाड़ियों के बीच कोई बड़ा खूनी संघर्ष शुरू होता है। ढाका के आम नागरिक अब दहशत में हैं और शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस पर भारी दबाव है।








