फुल्लीडुमर/बांका/अंगभारत। सोमवार को फुल्लीडुमर थाना क्षेत्र अंतर्गत कोझी डैम के पास घोरटप्पी गांव के निकट एक अज्ञात शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। प्राथमिक जांच और शिनाख्त के बाद मृत व्यक्ति की पहचान अमरपुर थाना और फुल्लीडुमर प्रखंड के सादपुर निवासी श्री कांत यादव के रूप में हुई है। यह दुखद घटना तब प्रकाश में आई जब सुबह के समय स्थानीय ग्रामीणों ने पानी में तैरता हुआ शव देखा। परिजनों और पुलिस की शुरुआती जांच से यह स्पष्ट हुआ है कि वे पिछले कई दिनों से लापता थे, जिसके बाद यह दुखद अंत सामने आया।
मृतक की पृष्ठभूमि
सादीपुर निवासी श्री कांत यादव की मौत की खबर से पूरा परिवार गहरे सदमे में है। एसडीपीओ अमर श्री वास्तव ने मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थिति स्पष्ट की है। परिजनों ने बताया कि श्री कांत यादव मानसिक रूप से विक्षिप्त थे और पिछले तीन वर्षों से इस बीमारी से जूझ रहे थे। उनकी स्थिति को देखते हुए परिजन लगातार उन पर नजर रखते थे। हालांकि, 13 फरवरी को वे घर से किसी रिश्तेदार के यहां भोज में शामिल होने के लिए निकले थे, लेकिन उसके बाद से वे वापस नहीं लौटे।
लापता होने का विवरण
- घर से प्रस्थान: 13 फरवरी को श्री कांत यादव रिश्तेदारी में जाने के लिए निकले थे।
- लगातार खोजबीन: वापस न लौटने पर परिजनों ने कई स्थानों पर उनकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
- मानसिक स्थिति: परिजन पहले भी उन्हें भटकने की स्थिति में ढूंढकर घर ला चुके थे।
पुलिस और एफएसएल जांच
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला। एसडीपीओ अमर श्री वास्तव के दिशा-निर्देशन में मामले की बारीकी से पड़ताल की गई। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए तकनीकी साक्ष्य जुटाने के लिए भागलपुर से एफएसएल (FSL) की एक दो-सदस्यीय टीम को विशेष रूप से बुलाया गया था। इस टीम ने घटनास्थल से कई महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए हैं, जो मामले के वैज्ञानिक खुलासे में मददगार साबित होंगे।
पोस्टमार्टम और कार्रवाई
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कानूनी औपचारिकताएं पूरी कीं। शव को पोस्टमार्टम के लिए बांका सदर अस्पताल भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का आधिकारिक तौर पर पुष्टि हो सकेगी। पुलिस फिलहाल इस मामले को प्रथम दृष्टया एक हादसा मान रही है।
मौत की संभावित वजह
पुलिस की शुरुआती थ्योरी और घटनास्थल के हालात के अनुसार, यह संभावना जताई जा रही है कि श्री कांत यादव संभवतः शौच करने या स्नान करने के उद्देश्य से कोझी डैम के किनारे गए होंगे। उनकी मानसिक स्थिति और घटनास्थल की भौगोलिक परिस्थिति को देखते हुए पुलिस का मानना है कि पैर फिसलने या अचानक तबीयत बिगड़ने के कारण वे गहरे पानी में डूब गए होंगे।
“मृतक के परिजनों के बयानों और घटनास्थल की स्थिति को देखते हुए ऐसा प्रतीत होता है कि यह एक आकस्मिक घटना है। एफएसएल टीम ने साक्ष्य एकत्र कर लिए हैं और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई स्पष्ट होगी।” – एसडीपीओ अमर श्री वास्तव
सुरक्षा संबंधी चिंताएं
कोझी डैम और आसपास के जलीय क्षेत्रों में इस तरह की घटनाएं स्थानीय प्रशासन के लिए भी चिंता का विषय बनी हुई हैं। अक्सर मानसिक रूप से कमजोर या असावधान लोग जलाशयों के पास चले जाते हैं, जहां गहराई का अंदाजा न होने के कारण हादसे हो जाते हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों में चेतावनी बोर्ड लगाने चाहिए ताकि भविष्य में इस तरह की हृदयविदारक घटनाओं को रोका जा सके। फिलहाल, सादपुर गांव में शोक की लहर है और पुलिस अपनी रिपोर्ट को अंतिम रूप देने में जुटी है।








