बांका,अंग भारत। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, बांका द्वारा गुरुवार को “सुरक्षित बचपन अभियान” के तहत बाल विवाह और बाल शोषण के विरुद्ध प्रभात फेरी निकाली गई। इस प्रभात फेरी को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सत्य भूषण आर्य ने हरी झंडी दिखाकर व्यवहार न्यायालय, बांका परिसर से रवाना किया।
न्यायपालिका का काम जागरूक करना भी : प्रधान जिला जज -: रैली को रवाना करने से पूर्व प्रधान जिला जज ने कहा कि बच्चे समाज का भविष्य होते हैं। न्यायपालिका का कार्य सिर्फ न्याय देना ही नहीं है, बल्कि कानून के प्रति लोगों को जागरूक करना भी है। विधायिका ने POCSO एक्ट तो बना दिया है, लेकिन यह समाज की जिम्मेदारी है कि वह इस जागरूकता अभियान में शामिल हो, तभी कानून सही से अपना काम कर पाएगा। उन्होंने कहा कि बाल विवाह और बाल शोषण जैसी कुरीतियों को रोकने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा।
तीन विद्यालयों के छात्र-छात्राएं हुए शामिल -: बाल विवाह और बाल शोषण के विरुद्ध इस जागरूकता यात्रा में आरएमके उच्च विद्यालय, एसएस बालिका उच्च विद्यालय एवं प्रोन्नत मध्य विद्यालय सैजपुर, बांका के छात्र एवं छात्राएं शामिल हुए। इसके साथ ही जिला विधिक सेवा प्राधिकार, बांका के पारा विधिक स्वयंसेवक और कार्यालय कर्मी भी रैली में सम्मिलित हुए। प्रभात फेरी शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए लोगों को बाल अधिकारों और कानूनों के प्रति जागरूक करती रही।







