लालू प्रसाद यादव का परिवार नए आवास में हुआ शिफ्ट
पटना, अंग भारत। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) प्रमुख लालू प्रसाद यादव के परिवार ने गुरुवार को पटना स्थित 10 सर्कुलर रोड का सरकारी आवास खाली कर दिया। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और लालू प्रसाद यादव अब कौटिल्य नगर स्थित अपने नए आवास में शिफ्ट हो गए हैं। वहीं, बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव अपने परिवार के साथ 1 पोलो रोड स्थित सरकारी आवास में रहने लगे हैं|लंबे समय तक बिहार की राजनीति का प्रमुख केंद्र रहे 10 सर्कुलर रोड से परिवार के स्थानांतरण के साथ एक महत्वपूर्ण राजनीतिक अध्याय भी समाप्त माना जा रहा है।
सरकार ने जारी किया था बंगला खाली करने का नोटिस
राबड़ी देवी को आवंटित इस सरकारी आवास को खाली करने की निर्धारित समय-सीमा सोमवार को समाप्त हो गई थी। इसके बाद राज्य सरकार ने उन्हें सात दिनों के भीतर आवास खाली करने का नोटिस जारी किया था।हालांकि, दो दिन पहले राबड़ी देवी के आप्त सचिव ने भवन निर्माण विभाग को पत्र लिखकर पांच जुलाई तक का अतिरिक्त समय देने का अनुरोध किया था, ताकि स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी की जा सके।
चार्ज रजिस्टर को लेकर विभाग से की थी मांग
भवन निर्माण विभाग को भेजे गए पत्र में राबड़ी देवी की ओर से कहा गया था कि विभाग अब तक चार्ज रजिस्टर उपलब्ध नहीं करा पाया है। इस रजिस्टर में सरकारी आवास में उपलब्ध कराए गए सभी सामानों का विवरण दर्ज रहता है।पत्र में बताया गया कि वर्ष 2006 में जब उन्हें यह आवास आवंटित किया गया था, तब यही चार्ज रजिस्टर उपलब्ध कराया गया था। अब सामानों का सही मिलान सुनिश्चित करने के लिए इसकी प्रति दोबारा उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया था, ताकि किसी तरह की भ्रम की स्थिति पैदा न हो।
तेजस्वी यादव पहले ही कर चुके थे आवास खाली
इससे पहले नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव सोमवार को ही 10 सर्कुलर रोड का आवास खाली कर चुके थे। वह अपने परिवार के साथ 1 पोलो रोड स्थित सरकारी आवास में स्थानांतरित हो गए हैं।इसके बाद गुरुवार को लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी भी कौटिल्य नगर स्थित नए आवास में शिफ्ट हो गए, जिससे पूरे परिवार का स्थानांतरण पूरा हो गया।
नए आवंटी को मिलेगा सरकारी बंगले का कब्जा
राज्य सरकार पहले ही 10 सर्कुलर रोड स्थित इस सरकारी आवास का आवंटन मंत्री नंदकिशोर राम के नाम कर चुकी है। हालांकि, राबड़ी देवी के यहां रहने के कारण नए आवंटी को अब तक बंगले का कब्जा नहीं मिल पाया था।अब आवास खाली होने के बाद भवन निर्माण विभाग जल्द ही निर्धारित प्रक्रिया पूरी कर नए आवंटी को इसका कब्जा सौंप सकता है।










