Founder – Mohan Milan

मुख्यमंत्री सरमा आज माकूम-डिगबोई-मार्घेरिटा के दौरे पर,भाजपा की जन आशीर्वाद यात्रा को असम में मिल रहा भारी जनसमर्थन

गुवाहाटी,अंग भारत। असम में आगामी विधानसभा चुनावों की सियासी सरगर्मी के बीच भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ‘जन आशीर्वाद यात्रा’ राज्य में चर्चा का केंद्र बनी हुई है। इस यात्रा के सातवें दिन, यानी रविवार को मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा खुद मोर्चे पर उतरे हैं। वे आज ऊपरी असम के तिनसुकिया जिले के तीन सबसे महत्वपूर्ण विधानसभा क्षेत्रों—माकूम, डिगबोई और मार्घेरिटा के दौरे पर हैं। 28 फरवरी से शुरू हुई इस यात्रा के जरिए मुख्यमंत्री सीधे जनता के बीच जाकर अपनी सरकार के पिछले कार्यों का ब्योरा दे रहे हैं और आने वाले चुनावों के लिए जनसमर्थन जुटा रहे हैं।

सीएम का आज का कार्यक्रम

मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा के आज के तूफानी दौरे का खाका बेहद व्यवस्थित है। रविवार सुबह यात्रा की शुरुआत माकूम से हुई, जहां स्थानीय लोगों और भाजपा कार्यकर्ताओं ने पारंपरिक असमिया गामोसा पहनाकर मुख्यमंत्री का स्वागत किया। इसके बाद उनका काफिला ऐतिहासिक तेल नगरी डिगबोई की ओर बढ़ा और इस यात्रा का समापन कोयला और चाय बागानों के लिए मशहूर मार्घेरिटा में होगा। इन तीनों जगहों पर विशाल जनसभाओं का आयोजन किया गया है, जहां मुख्यमंत्री जनता को सीधे संबोधित कर रहे हैं।

ऊपरी असम का चुनावी गणित

राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, माकूम, डिगबोई और मार्घेरिटा का यह क्षेत्र असम की सत्ता की चाबी माना जाता है। इस क्षेत्र में चाय बागान श्रमिकों, स्वदेशी समुदायों और बंगाली भाषी मतदाताओं की अच्छी-खासी आबादी है। पिछले चुनावों में भी भाजपा को यहां से बड़ी बढ़त मिली थी। यही कारण है कि मुख्यमंत्री खुद जमीनी स्तर पर जाकर इस पकड़ को और मजबूत करना चाहते हैं। इन इलाकों में तेल (डिगबोई रिफाइनरी) और कोयला खदानों (मार्घेरिटा) के कारण औद्योगिक विकास भी एक बड़ा मुद्दा है, जिस पर भाजपा अपनी सरकार की नीतियों को भुनाने की कोशिश कर रही है।

सरकारी योजनाओं का रिपोर्ट कार्ड

जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा केवल भाषण नहीं दे रहे हैं, बल्कि वे सरकार की प्रमुख योजनाओं के लाभार्थियों से सीधे संवाद कर रहे हैं। इनमें निम्नलिखित महत्वपूर्ण कदम शामिल हैं जिन पर सरकार मुख्य रूप से ध्यान केंद्रित कर रही है:

  • अरुणोदय योजना: इस योजना के तहत राज्य की गरीब महिलाओं के बैंक खातों में हर महीने सीधे पैसे ट्रांसफर किए जा रहे हैं, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बड़ी ताकत मिली है।
  • मिशन बसुंधरा: भूमि अधिकारों को आसान बनाने और जमीन के विवादों को सुलझाने के लिए शुरू की गई इस मुहिम का सीधा लाभ राज्य के लाखों लोगों को मिला है।
  • रोजगार और नियुक्तियां: सरकारी नौकरियों में पारदर्शिता के साथ युवाओं को दी गई नौकरियों को भाजपा सरकार अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि के तौर पर पेश कर रही है।
  • चाय बागान विकास: चाय बागान क्षेत्रों में पक्की सड़कों का निर्माण, नए स्कूल खोलना और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करना भाजपा की इस जनसंपर्क यात्रा का एक मुख्य मुद्दा है।

भाजपा के दावे और रणनीति

भाजपा के प्रदेश नेतृत्व का दावा है कि इस यात्रा को राज्य के हर कोने से अभूतपूर्व जनसमर्थन मिल रहा है। पार्टी नेताओं के अनुसार, कानून-व्यवस्था में सुधार, उग्रवाद का खात्मा और शांति व्यवस्था की बहाली ने लोगों के मन में सरकार के प्रति भरोसा मजबूत किया है। कार्यकर्ताओं का मनोबल भी इस यात्रा के बाद सातवें आसमान पर है। मुख्यमंत्री की जनसभाओं में उमड़ रही भीड़ इस बात का स्पष्ट संकेत है कि लोग राज्य के विकास की निरंतरता को बनाए रखना चाहते हैं।

“असम की जनता ने हमेशा विकास और स्थिर शासन का साथ दिया है। माकूम, डिगबोई और मार्घेरिटा में मिल रहा यह अपार स्नेह इस बात की गवाही देता है कि हमारी डबल इंजन सरकार की नीतियां सीधे अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंच रही हैं।”
— डॉ. हिमंत बिस्व सरमा, मुख्यमंत्री, असम

विपक्षी खेमे में बेचैनी

जैसे-जैसे भाजपा की जन आशीर्वाद यात्रा आगे बढ़ रही है, विपक्षी दलों की सक्रियता भी तेज हो गई है। असम में मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस और अन्य स्थानीय संगठन भी इन क्षेत्रों में अपनी पकड़ बचाने के लिए रणनीति बना रहे हैं। हालांकि, भाजपा ने अपनी कल्याणकारी योजनाओं और मजबूत सांगठनिक ढांचे के दम पर विपक्ष के सामने एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। डिगबोई और मार्घेरिटा जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में मुख्यमंत्री का खुद जमीन पर उतरना भाजपा के कैडर को और अधिक ऊर्जावान बना रहा है।

यात्रा का अगला पड़ाव

28 फरवरी से शुरू हुई यह यात्रा आने वाले दिनों में असम के अन्य जिलों में भी जाएगी। भाजपा का लक्ष्य राज्य के सभी 126 विधानसभा क्षेत्रों तक पहुंचना है। माकूम से शुरू होकर मार्घेरिटा में समाप्त होने वाला आज का यह सफर इस यात्रा का सातवां दिन है, जो सांगठनिक और चुनावी, दोनों ही दृष्टिकोण से बेहद सफल माना जा रहा है। आने वाले हफ्तों में राज्य के अन्य हिस्सों में भी ऐसी ही बड़ी जनसभाओं और रैलियों की योजना बनाई गई है ताकि आगामी चुनावों के लिए पार्टी की जीत का मार्ग प्रशस्त किया जा सके।

Facebook
X
Threads
WhatsApp
Telegram
Picture of अंग भारत • रिपोर्टर

अंग भारत • रिपोर्टर

‘अंग भारत’ एक हिंदी दैनिक समाचार पत्र है, जो मिलन ग्रुप द्वारा संचालित एक बहुआयामी मीडिया संगठन का हिस्सा है। हमारा कॉर्पोरेट कार्यालय बिहार के ऐतिहासिक अंग प्रदेश के पवित्र स्थान बांका में स्थित है। हमारा उद्देश्य निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित से जुड़ी खबरों को पाठकों तक पहुंचाना है।”

Related Posts
Recent Posts
App Icon